Timothy returning from a long road as Paul and a coworker greet him above a lamplit coastal town

1 थिस्सलुनीकियों 3

इंडियन रिवाइज्ड वर्जन
अध्याय सारांश
अनिश्चितता सहन करने में असमर्थ, पौलुस ने संकट के बीच थिस्सलुनीकियों को मजबूत करने के लिए तीमुथियुस को भेजा। तीमुथियुस उनके विश्वास, प्रेम, और स्नेहपूर्ण स्मरण के अच्छे समाचार के साथ लौटा, पौलुस को सांत्वना देते हुए और पुनर्मिलन, बढ़ते प्रेम, और स्थिर हृदयों के लिए प्रार्थना उत्पन्न करते हुए।
तीमुथियुस का मिशनप्रोत्साहनस्थिर विश्वासप्रार्थना
1इसलिए जब हम से और न रहा गया, तो हमने यह ठहराया कि एथेंस में अकेले रह जाएँ।
2और हमने तीमुथियुस को जो मसीह के सुसमाचार में हमारा भाई, और परमेश्वर का सेवक है, इसलिए भेजा, कि वह तुम्हें स्थिर करे; और तुम्हारे विश्वास के विषय में तुम्हें समझाए।
3कि कोई इन क्लेशों के कारण डगमगा न जाए; क्योंकि तुम आप जानते हो, कि हम इन ही के लिये ठहराए गए हैं।
4क्योंकि पहले भी, जब हम तुम्हारे यहाँ थे, तो तुम से कहा करते थे, कि हमें क्लेश उठाने पड़ेंगे, और ऐसा ही हुआ है, और तुम जानते भी हो।
5इस कारण जब मुझसे और न रहा गया, तो तुम्हारे विश्वास का हाल जानने के लिये भेजा, कि कहीं ऐसा न हो, कि परीक्षा करनेवाले ने तुम्हारी परीक्षा की हो, और हमारा परिश्रम व्यर्थ हो गया हो।
6पर अभी तीमुथियुस ने जो तुम्हारे पास से हमारे यहाँ आकर तुम्हारे विश्वास और प्रेम का समाचार सुनाया और इस बात को भी सुनाया, कि तुम सदा प्रेम के साथ हमें स्मरण करते हो, और हमारे देखने की लालसा रखते हो, जैसा हम भी तुम्हें देखने की।
7इसलिए हे भाइयों, हमने अपनी सारी सकेती और क्लेश में तुम्हारे विश्वास से तुम्हारे विषय में शान्ति पाई।
8क्योंकि अब यदि तुम प्रभु में स्थिर रहो तो हम जीवित हैं।
9और जैसा आनन्द हमें तुम्हारे कारण अपने परमेश्वर के सामने है, उसके बदले तुम्हारे विषय में हम किस रीति से परमेश्वर का धन्यवाद करें?
10हम रात दिन बहुत ही प्रार्थना करते रहते हैं, कि तुम्हारा मुँह देखें, और तुम्हारे विश्वास की घटी पूरी करें।
11अब हमारा परमेश्वर और पिता आप ही और हमारा प्रभु यीशु, तुम्हारे यहाँ आने के लिये हमारी अगुआई करे।
12और प्रभु ऐसा करे, कि जैसा हम तुम से प्रेम रखते हैं; वैसा ही तुम्हारा प्रेम भी आपस में, और सब मनुष्यों के साथ बढ़े, और उन्नति करता जाए,
13ताकि वह तुम्हारे मनों को ऐसा स्थिर करे, कि जब हमारा प्रभु यीशु अपने सब पवित्र लोगों के साथ आए , तो वे हमारे परमेश्वर और पिता के सामने पवित्रता में निर्दोष ठहरें। (कुलु. 1:22, इफि. 5:27)

इंडियन रिवाइज्ड वर्जन — CC BY-SA 4.0. Where these translations come from.

Copyright © 2017, 2018, 2019 Bridge Connectivity Solutions. Supplied unaltered through eBible.org. Text unchanged, used under CC BY-SA 4.0.